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स्वतंत्रता दिवस पर गूंजा साक्षरता का संदेश, उल्लास महा-चौपाल में संस्थाओं ने निभाई सहभागिता

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नवसाक्षरों, विद्यार्थियों, शिक्षकों और सामाजिक संस्थाओं ने उत्साह के साथ लिया हिस्सा

रायपुर, 17 अगस्त 2026

स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर शिक्षा और साक्षरता को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से रायगढ़ जिले में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत उल्लास महा-चौपाल का आयोजन किया गया। राज्य स्तर से जारी निर्देशों के परिपालन में कलेक्टर के निर्देशन में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विकासखंडों में शैक्षणिक संस्थानों, विभागों, सामाजिक संस्थाओं और नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई।

स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय पर्व को साक्षरता, शिक्षा और जनजागरूकता से जोड़ते हुए आयोजित महा-चौपाल में नवसाक्षरों, स्वयंसेवी शिक्षकों, विद्यार्थियों, शिक्षकों, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय भागीदारी की। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक करते हुए नवसाक्षरों को सीखने की प्रक्रिया निरंतर जारी रखने के लिए प्रेरित किया गया।

मशाल रैली से लेकर रंगोली तक, विविध गतिविधियों से दिया साक्षरता का संदेश
उल्लास महा-चौपाल के दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में स्थानीय स्तर पर अनेक जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं। शैक्षणिक संस्थानों एवं सहभागी संस्थाओं द्वारा नारा लेखन, मशाल रैली, मोबाइल टॉर्च रैली, उल्लास शपथ, सेल्फी प्वाइंट, कहानी वाचन, रंगोली निर्माण तथा सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन गतिविधियों के माध्यम से साक्षरता के महत्व को रोचक एवं प्रभावी तरीके से लोगों तक पहुंचाया गया। रैलियों और जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया गया कि पढ़ना-लिखना केवल व्यक्तिगत विकास का माध्यम नहीं, बल्कि परिवार, समाज और राष्ट्र की प्रगति की मजबूत आधारशिला है।

साक्षरता किसी एक विभाग की नहीं, पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी
उल्लास महा-चौपाल के आयोजन से जिलेभर में साक्षरता को लेकर उत्साहपूर्ण वातावरण निर्मित हुआ। विभिन्न विभागों, शैक्षणिक संस्थानों और सामाजिक संगठनों की व्यापक सहभागिता ने यह संदेश दिया कि साक्षरता केवल किसी एक विभाग का विषय नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग की सामूहिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में नवसाक्षरों को शिक्षा से निरंतर जुड़े रहने तथा अपने आसपास के लोगों को भी शिक्षा के प्रति प्रेरित करने का संदेश दिया गया। सामूहिक प्रयासों के माध्यम से जिले में साक्षर समाज के निर्माण की दिशा में निरंतर कार्य करने का संकल्प दोहराया गया। स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित उल्लास महा-चौपाल ने ‘उल्लास’ को जन-जन तक पहुंचाने और साक्षरता को जन आंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। राष्ट्रीय पर्व के अवसर पर आयोजित यह आयोजन शिक्षा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाने और प्रत्येक व्यक्ति को ज्ञान की मुख्यधारा से जोड़ने के सामूहिक संकल्प का प्रतीक बना।